परिसंचरण तंत्र

01. प्रतिजन वह पदार्थ है जो-

  • 1

    हानिकारक जीवाणुओं को नष्ट करता है।

  • 2

    विषात्कता के उपचार के लिए प्रयुक्त होता है

  • 3

    शरीर के ताप को कम करता है।

  • 4

    प्रतिपिंड के निर्माण को उद्दीप्त करता है।

02. मानव कलाई में नाड़ी स्पंदन करती है-

  • 1

    हृदय से तेज

  • 2

    हृदय से मंद

  • 3

    हृदय के बराबर

  • 4

    हृदय से स्वतंत्र होकर

03. हृदय को रक्त का संमरण करने वाली धमनियां कहलाती है-

  • 1

    ग्रीवा धमनियां

  • 2

    यकृत धमनियां

  • 3

    हृदय धमनियां

  • 4

    फुफ्फुस धमनियां

04. रक्त ग्लूकोज स्तर सामान्यत: व्यक्त किया जाता है-

  • 1

    Hg के mm में

  • 2

    मिलीग्राम प्रति डेसीमीटर में

  • 3

    भाग प्रति मिलियन में

  • 4

    ग्राम प्रति लीटर में

05. मानव रक्त की श्यानता का कारण है-

  • 1

    रक्त में प्रोटीन

  • 2

    प्लाज्मा में बिम्बाणु

  • 3

    रक्त में आर.बी.सी. तथा डब्ल्यू बी.सी.

  • 4

    उपर्युक्त सभी

06. WBC का बनना तथा RBC का विनाश होता है-

  • 1

    लसिका ग्रन्थि में

  • 2

    प्लीहा में

  • 3

    पैक्रियाज में

  • 4

    यकृत में

07. रक्त ग्लूकोज स्तर सामान्यतः व्यक्त किया जाता है - 

  • 1

    Hg के mm में 

  • 2

    mg के प्रति डेसीलीटर में 

  • 3

    भाग प्रति मिलियन में 

  • 4ग्राम प्रति लीटर में 

08. लाल रक्त कणिकाओं (R.B.Cs.) का रंग होता है-

  • 1

    क्यूटिन के कारण

  • 2

    क्लोरोफिल के कारण

  • 3

    हीमोयायनिन के कारण

  • 4

    हीमोग्लोबिन के कारण

09. हीमोग्लोबिन क्या है-

  • 1

    पौधों की पत्तियों में पाया जाने वाला पदार्थ

  • 2

    बोन मेरो में पाया जाने वाला पदार्थ

  • 3

    मानव रक्त में पाया जाने वाला पदार्थ

  • 4

    पिट्यूटरी ग्रंथि से निकलने वाला स्राव

10. स्वस्थ मनुष्य का रक्तचाप (सिस्टॉलिक व डाइस्टॉलिक) होता है-

  • 1

    120 मिमी. व 80 मिमी.

  • 2

    201 मिली. व 110 मिमी.

  • 3

    90 मिमी. व 60 मिमी.

  • 4

    85 मिमी. व 55 मिमी.

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